UPPSC RO ARO हिन्दी: तत्सम एवं तद्भव शब्द – महत्वपूर्ण नियम और 500+ अभ्यास प्रश्न

UPPSC RO ARO हिन्दी: तत्सम एवं तद्भव शब्द – महत्वपूर्ण नियम, पहचान की ट्रिक्स और 500+ अभ्यास प्रश्न

“भाषा की जड़ें उसके शब्दों में होती हैं, और जब बात उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) की RO/ARO परीक्षा की हो, तो ‘तत्सम एवं तद्भव’ का खंड आपकी मेरिट लिस्ट तय करने में सबसे बड़ी भूमिका निभाता है।”

उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित समीक्षा अधिकारी (Review Officer) और सहायक समीक्षा अधिकारी (Assistant Review Officer) की प्रारंभिक परीक्षा (Prelims) में सामान्य हिंदी (General Hindi) का प्रश्नपत्र 60 अंकों का होता है। इस प्रश्नपत्र में कुल 6 खंड होते हैं, और प्रत्येक खंड से ठीक 10 प्रश्न (20 अंक) पूछे जाते हैं। इन 6 महत्वपूर्ण खंडों में से एक अत्यंत स्कोरिंग खंड ‘तत्सम एवं तद्भव शब्द’ है। थोड़ी सी समझ और नियमों का अभ्यास करके इस खंड में पूरे 10 में से 10 अंक प्राप्त किए जा सकते हैं।

इस विस्तृत मार्गदर्शिका (Guide) में हम तत्सम और तद्भव शब्दों की परिभाषा, उन्हें पहचानने के अचूक नियम (Rules & Tricks), परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण शब्दों की सूची और अभ्यास के लिए प्रमुख प्रश्न-संग्रह प्रस्तुत कर रहे हैं।

1. तत्सम और तद्भव शब्द क्या हैं? (Basic Definitions)

किसी भी प्रतियोगी परीक्षा में सफलता के लिए उसकी मूल अवधारणा (Core Concept) का स्पष्ट होना आवश्यक है:

  • तत्सम शब्द (Tatsam Words): यह दो शब्दों से मिलकर बना है— तत् + सम (तत् = उसके, सम = समान)। अर्थात् जो शब्द संस्कृत भाषा से बिना किसी परिवर्तन के हिंदी भाषा में ज्यों के त्यों प्रयोग किए जाते हैं, उन्हें तत्सम शब्द कहते हैं। उदाहरण: अग्नि, सूर्य, दुग्ध, कर्ण, रात्रि आदि।

  • तद्भव शब्द (Tadbhav Words): यह शब्द तत् + भव (तत् = उससे, भव = होना/बन्ना) से मिलकर बना है। अर्थात् जो शब्द प्राकृत, अपभ्रंश या पुरानी हिंदी से होते हुए थोड़े परिवर्तन (Modification) के साथ हिंदी में प्रयुक्त होते हैं, उन्हें तद्भव शब्द कहा जाता है। उदाहरण: आग, सूरज, दूध, कान, रात आदि।

2. तत्सम से तद्भव बनने के स्वर्णिम नियम (Golden Rules & Identification Tricks)

RO/ARO Exam में अक्सर ऐसे शब्द पूछ लिए जाते हैं जिन्हें आपने पहले नहीं पढ़ा होता। ऐसे में यदि आपको वर्णों के परिवर्तन के नियम (Rules of Phonetic Transformation) पता हों, तो आप सही विकल्प का चयन आसानी से कर सकते हैं:

नियम 1: ‘क्ष’ और ‘ख’ / ‘छ’ का परिवर्तन

संस्कृत (तत्सम) शब्दों में प्रयुक्त होने वाला ‘क्ष’ वर्ण, तद्भव रूप बनते समय सामान्यतः ‘ख’ या ‘छ’ में बदल जाता है।

  • क्षीर → खीर

  • अक्षत →अच्छत

  • परीक्षा → परख

  • क्षीणि → छीन

नियम 2: ‘व’ और ‘ब’ का परिवर्तन

तत्सम शब्दों का ‘व’ वर्ण, तद्भव में प्रायः ‘ब’ हो जाता है। (संस्कृत में ‘व’ बोला जाता था, जो हिंदी में आकर ‘ब’ बन गया)।

  • वरयात्रा → बारात

  • विवाह →ब्याह

  • बधिक → बनिया (वणिक → बनिया)

  • वर्षा → बरसात / बरस

नियम 3: ‘श’ और ‘स’ का नियम

तत्सम शब्दों में तालव्य ‘श’ का प्रयोग होता है, जबकि अधिकांश तद्भव शब्दों में दंत्य ‘स’ का प्रयोग किया जाता है।

  • श्यामल → सांवला

  • शुक → सुआ / सूता

  • श्मश्रु → मूंछ

  • शुष्क → सूखा

नियम 4: ‘ऋ’ और ‘र’ का प्रयोग

तत्सम शब्दों में ऋषि वाली ‘ऋ’ की मात्रा या ‘र’ के विभिन्न रूपों (रेफ और पदेन) का प्रयोग बहुतायत से होता है।

  • घृत → घी

  • मृतिका → मिट्टी

  • सूर्य → सूरज

  • कर्ण → कान

नियम 5: विसर्ग (:) का प्रयोग

विसर्ग (:) का प्रयोग केवल संस्कृत (तत्सम) शब्दों में ही होता है। यदि किसी शब्द में विसर्ग लगा है, तो वह शत-प्रतिशत तत्सम शब्द होगा।

  • कपूर (तद्भव) →कर्पूर (तत्सम)

  • ज्येष्ठ →जेठ

3. RO/ARO परीक्षा के लिए 50 अत्यंत महत्वपूर्ण तत्सम-तद्भव युग्म

नीचे दी गई तालिका में वे शब्द दिए गए हैं जो पिछले कई वर्षों से UPPSC की परीक्षाओं (RO/ARO, UPPCS PCS) में बार-बार पूछे जा रहे हैं:

क्र.सं. तत्सम शब्द (Tatsam) तद्भव शब्द (Tadbhav) क्र.सं. तत्सम शब्द (Tatsam) तद्भव शब्द (Tadbhav)
1. अद्य आज 26. मस्तक माथा
2. अंधकार अंधेरा 27. मज्जा मूंज
3. अम्लिका इमली 28. युक्ति जुगत
4. उलूक उल्लू 29. यव जौं
5. कंटक कांटा 30. रक्षासूत्र राखी
6. कुंभकार कुम्हार 31. रिक्त रीता
7. कोकिल कोयल 32. लज्जा लाज
8. क्रूर क्रूर / क्रूरता 33. लोहकार लोहार
9. क्षुरिका छुरी 34. वधिर बहरा
10. गर्दभ गधा 35. वार्तिका बतक / बत्तख
11. गोमय गोबर 36. शलाका सलाई
12. घट घड़ा 37. श्मशानी मसान
13. चंचु चोंच 38. शृंगार शृंगार (सिंगार)
14. जीर्ण झीना 39. सर्प सांप
15. टंकण टांका 40. स्वर्णकार सुनार
16. दशन दांत 41. हस्तिन् हाथी
17. दीपशलाका दियासलाई 42. हरिद्रा हल्दी
18. धूम्र धुआं 43. क्षीर खीर
19. नग्न नंगा 44. क्षेत्र खेत
20. पर्युष्ण परसों 45. गोधूम गेहूं
21. प्रस्तर पत्थर 46. पर्यंक पलंग
22. बन्ध्या बांझ 47. मयूर मोर
23. भिक्षा भीख 48. नासिका नाक
24. मक्क्षिका मक्खी 49. अग्नि आग
25. मुख्य मुख 50. सूर्य सूरज

4. अभ्यास हेतु 10 महत्वपूर्ण प्रश्न (RO/ARO Pattern Questions)

अभ्यास के लिए नीचे बहुविकल्पीय प्रश्न दिए गए हैं जो परीक्षा के वास्तविक स्तर को दर्शाते हैं:

प्रश्न 1: निम्नलिखित में से कौन सा शब्द तत्सम है?

(अ) आंसुओं

(ब) अश्रु

(स) आंसू

(द) आँख

  • उत्तर: (ब) अश्रु

  • स्पष्टीकरण: ‘अश्रु’ तत्सम शब्द है, जिसका तद्भव ‘आंसू’ होता है।

प्रश्न 2: ‘GS’ या ‘गोधूम’ शब्द का तद्भव रूप क्या होगा?

(अ) गोवंश

(ब) गाय

(स) गेहूं

(द) घास

  • उत्तर: (स) गेहूं

  • स्पष्टीकरण: गोधूम एक तत्सम शब्द है जिसका तद्भव ‘गेहूं’ है।

प्रश्न 3: इनमें से तद्भव शब्द का चयन कीजिए:

(अ) अंधकार

(ब) अंगरखा

(स) अंगुली

(द) अर्द्ध

  • उत्तर: (ब) अंगरखा

  • स्पष्टीकरण: ‘अंगरखा’ एक तद्भव शब्द है (इसका तत्सम ‘अंग्रक्षक’ होता है)। अन्य सभी शब्द तत्सम हैं।

प्रश्न 4: ‘पर्यंक’ शब्द का तद्भव रूप क्या है?

(अ) पलंग

(ब) पटरी

(स) पौर

(द) पीछा

  • उत्तर: (अ) पलंग

  • स्पष्टीकरण: पर्यंक (तत्सम) का तद्भव ‘पलंग’ होता है।

प्रश्न 5: निम्नलिखित में कौन सा युग्म सुमेलित (Correctly matched) नहीं है?

(अ) दीक्षा – दीठ

(ब) कपाट – किवाड़

(स) गृध्र – गीध

(द) क्षीर – खीर

  • उत्तर: (अ) दीक्षा – दीठ

  • स्पष्टीकरण: ‘दीक्षा’ का तद्भव दीक्षा या दीच्छा होता है, जबकि ‘दृष्टि’ का तद्भव ‘दीठ’ होता है। अतः विकल्प (अ) गलत सुमेलित है।

प्रश्न 6: ‘मक्क्षिका’ (Makkshika) शब्द का तद्भव रूप है:

(अ) मकड़ी

(ब) मक्खी

(स) मच्छर

(द) मछली

  • उत्तर: (ब) मक्खी

प्रश्न 7: निम्नलिखित में से तत्सम शब्द कौन सा है?

(अ) जीभ

(ब) जोड

(स) जीवन

(द) जोग

  • उत्तर: (स) जीवन

  • स्पष्टीकरण: ‘जीवन’ एक तत्सम शब्द है। जीभ का तत्सम ‘जिह्वा’ और जोग का ‘योग’ होता है।

प्रश्न 8: ‘उलूक’ शब्द का तद्भव रूप क्या होगा?

(अ) ऊंट

(ब) उजाड़

(स) उल्लू

(द) उठना

  • उत्तर: (स) उल्लू

प्रश्न 9: निम्नलिखित में से तद्भव शब्द कौन सा है?

(अ) अट्टालिका

(ब) अष्ट

(स) अखाड़ा

(द) आम्र

  • उत्तर: (स) अखाड़ा

  • स्पष्टीकरण: ‘अखाड़ा’ तद्भव शब्द है (इसका तत्सम ‘अक्षवाट’ होता है)।

प्रश्न 10: ‘हरिद्रा’ शब्द का सही तद्भव शब्द क्या है?

(अ) हरा

(ब) हल्दी

(स) हरिता

(द) हरिण

  • उत्तर: (ब) हल्दी

5. परीक्षा में सफलता की रणनीति (Strategy for 500+ Practice Approach)

  1. दैनिक अभ्यास (Daily Practice): प्रतिदिन कम से कम 20 से 30 नए तत्सम-तद्भव शब्दों को पढ़ने और लिखने की आदत डालें।

  2. नोट्स बनाएं (Make Short Notes): कठिन शब्दों और ऊपर दिए गए नियमों (जैसे क्ष $\rightarrow$ ख, व $\rightarrow$ ब) के अपने छोटे शॉर्ट नोट्स तैयार करें।

  3. पिछले वर्षों के प्रश्न (PYQs): UPPSC द्वारा पिछले 10 वर्षों में RO/ARO (Prelims & Mains) तथा UPPCS परीक्षाओं में पूछे गए सभी तत्सम-तद्भव शब्दों को जुबानी याद कर लें, क्योंकि आयोग लगभग 70% प्रश्न पुराने पैटर्न या रिपीटेड शब्दों से ही पूछता है।

निरंतर अभ्यास और सटीक नियमों के पालन से आप सामान्य हिंदी के इस खंड में पूर्ण अंक अर्जित कर सकते हैं।

Join RO ARO Batch   Click here
Join Whatsapp Group  Click here

Leave a Comment